UP Police

पुलिस की जांच में पता चला कि मेरठ के शाकिब ने लुधियाना में अपना नाम बदकर अमन कर लिया था। वह मई 2019 में छात्रा को लेकर लुधियाना से फरार हो गया।

एसएचओ ने संवाददाताओं से कहा, हमने सीसीटीवी फुटेज की जांच की और गवाहों से बात की ताकि पता चल सके कि अजितेश और उसके दोस्त ने युवक को पीटा था।

इस घटना में रोहित शर्मा और पुनीत सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। घटना में प्रयुक्त गाड़ी जायलो सरफाबाद के सामने डिवाइडर के सामने पलट गई।

कलियुग में कोरोना से महामारी से जूझ रहे इस बुरे वक्त में दधीचि मुनि सरीखे साबित हुए दोनों बहादुर सिपाहियों का नाम है अंजुल कुमार त्यागी और लाला राम।

एसएसपी गाजियाबाद कलानिधि नैथानी के मुताबिक, "पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने सोचा था कि रात के वक्त सड़क पर पुलिस नहीं मिलेगी। इसलिए आराम से मेरठ पहुंच जाएंगे। अगले दिन यानि निकाह के बाद मेरठ से वापसी भी रात के वक्त ही करेंगे। तो पुलिस की नजर में नहीं आएंगे।"

लॉकडाउन में यूपी पुलिस की भूमिका की काफी तारीफ हो रही है। पुलिस के जवान अलग अलग जगहों पर लोगों की मदद करते हुए दिखाई दे रहे हैं। प्रयागराज में जोन कार्यालय में यूपी पुलिस की महिला व पुरुष कर्मी जरूरतमंदों में बांटने के लिए खुद से खाना बना रहे हैं। वे इसे खुद ही पैक करते और वितरित भी करते हैं।

पुलिस के मुताबिक इज्जतनगर थाना क्षेत्र के करमपुर चौधरी गांव के प्रधान पति तसब्बुर के चबूतरे पर कुछ लोग हंगामा कर रहे थे। लॉकडाउन तोड़ने वालों की सूचना किसी ने 100 नंबर पर कंट्रोल रूम को दी।

गिरफ्तार होकर जेल जाने वाले पिता पुत्र का नाम अब्दुल सलाम और बेटे का नाम रहमत है। दोनो श्रमिक कुंज में रहते हैं। इनके खिलाफ सेक्टर 93 में रहने वाले एक शख्स ने पुलिस से शिकायत की थी।

एसएचओ भूपेंद्र बालियान ने मीडियाकर्मियों को बताया कि थाना के 68 पुलिसकर्मियों ने सामूहिक रूप से अपने बालों को मुड़वा दिया। ऐसा उन्होंने कोरोनोवायरस से अंत तक लड़ने का संकल्प व्यक्त करने के लिए किया।

इन अपराधियों पर ड्रोन वीडियो फुटेज और सीसीटीवी निगरानी के आधार पर मामला दर्ज किया जा रहा है। अब तक मुजफ्फरनगर में 1,300 लोग लॉकडाउन तोड़ते हुए पकड़े गए थे, उन पर आईपीसी की धारा 188 के तहत मामला दर्ज किया गया है।