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उत्तर प्रदेश के कुशीनगर स्थित एक मस्जिद में विस्फोट मामले में पुलिस ने मौलवी सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। मामले में पुलिस ने सात लोगों पर प्राथमिकी दर्ज की थी। गिरफ्तार किए गए चार नामजदों में उसी मस्जिद का मौलवी मौलाना अजमुद्दीन भी शामिल है, वहीं तीन आरोपी अभी भी फरार हैं।

सीएम योगी के कड़े निर्देशों का साफ असर दिखाई दिया। अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट के मामले में पूरे उत्तर प्रदेश में 77 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। लखनऊ पुलिस ने 34 मामले दर्ज कर लिए गए हैं और 77 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

अयोध्या पर फैसला आया तो यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की खुशी की सीमाएं नहीं रही। खुशी से दमकते हुए योगी ने तालियां बजाई। योगी के लिए यह फैसला बेहद भावुकता का क्षण था। वह इसे टीवी पर देख रहे थे। उनके साथ में विश्व हिंदू परिषद के वरिष्ठ नेता दिनेश जी बैठे हुए थे।

ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने सवाल किया कि यदि बाबरी मस्जिद अवैध थी, तो इसे ढहाने को लेकर लालकृष्ण आडवाणी पर मुकदमा क्यों चल रहा है और अगर यह वैध थी, तो आडवाणी को जमीन क्यों दी जा रही है?

केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने ट्वीट किया, "अयोध्या पर माननीय सुप्रीम कोर्ट का निर्णय ऐतिहासिक है। इस फैसले से भारत का सामाजिक तानाबाना और मजबूत होगा।"

देश के सबसे पुराने केस में से एक अयोध्या विवाद पर शनिवार को फैसला आ गया है। चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अगुवाई में संवैधानिक पीठ ने फैसला सुनाते हुए निर्मोही अखाड़ा और शिया वक्फ बोर्ड का दावा खारिज कर दिया है।

अयोध्या राम जन्म भूमि-बाबरी मस्जिद विवाद मामले पर शनिवार को सुप्रीम कोर्ट द्वारा फैसला सुनाए जाने से पहले कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने लोगों से एकता की सदियों पुरानी परंपरा कायम रखने की अपील की।

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार को रामजन्म भूमि-बाबरी मस्जिद विवाद को लेकर आने वाले फैसले को लेकर कहा कि सर्वोच्च न्यायालय का फैसला सभी को मानना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मामले में सर्वोच्च न्यायालय का जो भी फैसला हो वो सबको मान्य होना चाहिए।

अयोध्या भूमि विवाद को लेकर सुप्रीम कोर्ट शनिवार को अपना फैसला सुनाने वाला है। इस बीच, उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने जनता से फैसले को जीत और हार के भाव से नहीं लेने की अपील की है।

दशकों से चले आ रहे अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा फैसला सुनाने के पहले स्थिति पर निगरानी रखने के लिए राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भागवत शनिवार को राष्ट्रीय राजधानी में मौजूद रहेंगे।