नई दिल्ली। भारत में एक बार फिर भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। इस बार केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख की राजधानी लेह में 4.2 तीव्रता के भूकंप से धरती हिलने लगी। हालांकि किसी भी तरह के जान माल के नुकसान की कोई खबर नहीं है। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के अनुसार भूकंप का केंद्र जमीन से 10 किलोमीटर नीचे था। धरती में अचानक हलचल महसूस होने के बाद लेह में लोग अपने घरों से निकलकर खुले में इकट्ठा हो गए। लेह में भूकंप के झटके ऐसे समय पर महसूस हुए हैं जब आईआईटी कानपुर के प्रोफेसर जावेद मलिक ने चेतावनी दी है कि भारत में भी बड़ा भूकंप आ सकता है।
<blockquote class=”twitter-tweet”><p lang=”en” dir=”ltr”>EQ of M: 4.2, On: 01/04/2025 17:38:42 IST, Lat: 35.37 N, Long: 76.93 E, Depth: 10 Km, Location: Leh, Ladakh. <br>For more information Download the BhooKamp App <a href=”https://t.co/5gCOtjdtw0″>https://t.co/5gCOtjdtw0</a> <a href=”https://twitter.com/DrJitendraSingh?ref_src=twsrc%5Etfw”>@DrJitendraSingh</a> <a href=”https://twitter.com/OfficeOfDrJS?ref_src=twsrc%5Etfw”>@OfficeOfDrJS</a> <a href=”https://twitter.com/Ravi_MoES?ref_src=twsrc%5Etfw”>@Ravi_MoES</a> <a href=”https://twitter.com/Dr_Mishra1966?ref_src=twsrc%5Etfw”>@Dr_Mishra1966</a> <a href=”https://twitter.com/ndmaindia?ref_src=twsrc%5Etfw”>@ndmaindia</a> <a href=”https://t.co/NxHgIetw4y”>pic.twitter.com/NxHgIetw4y</a></p>— National Center for Seismology (@NCS_Earthquake) <a href=”https://twitter.com/NCS_Earthquake/status/1907045522659246301?ref_src=twsrc%5Etfw”>April 1, 2025</a></blockquote> <script async src=”https://platform.twitter.com/widgets.js” charset=”utf-8″></script>
प्रोफेसर जावेद मलिक के मुताबिक देश के पूर्वोत्तर के अलावा हिमालय से लगे राज्यों में भूकंप आने की संभावना सबसे अधिक है। इन सभी स्थानों को भूकंप संबंधी जोन-5 में रखा गया है। जोन-5 में उन स्थानों को शामिल किया गया है, जहां विनाशकारी भूकंप आने का खतरा सर्वाधिक होता है। उधर म्यांमार में भूकंप के चलते तबाही के आंकड़े दिन पर दिन बढ़ रहे हैं। भूकंप के चलते मरने वालों की संख्या अब तक 2719 हो गई है वहीं घायलों की संख्या 4521 पहुंच गई है। लगभग 450 लोग लापता बताए जा रहे हैं।
म्यांमार में मृतकों का आंकड़ा अभी और बढ़ सकता है क्योंकि अभी भी राहत कार्य पूरा नहीं हुआ है। बहुत सी जगहों पर मलबा हटाने का काम चल रहा है। भूकंप के चलते हजारों लोगों की मौत के बाद म्यांमार के जनरल मिन आंग ह्लाइंग ने देश में 6 अप्रैल तक राष्ट्रीय शोक घोषित किया है। वहीं भारत के द्वारा म्यांमार में लगातार राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। इस काम में भारतीय वायुसेना के विमानों और नौसेना के जहाजों की मदद ली जा रही है। पीएम नरेंद्र मोदी ने म्यांमार के जनरल ह्लाइंग से बात कर उनको हर संभव मदद का भरोसा दिया था।