लक्ष्य का पीछा करते समय सचिन से बेहतर है कोहली : डिविलियर्स

पूर्व विस्फोटक बल्लेबाज ने कहा, ” लेकिन मुझे व्यक्तिगत तौर पर लगता है कि जब रनों के लक्ष्य का पीछा करने की बात आती है तो कोहली सबसे अच्छे हैं। सचिन सभी परिस्थितियों में अद्भुत थे, लेकिन दबाव में लक्ष्य का पीछा करने के मामले में कोहली ने खुद को सबसे ऊपर रखा है।”

Written by: May 12, 2020 2:00 pm

जोहान्सबर्ग। दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान अब्राहम डिविलियर्स का मानना है कि रनों के लक्ष्य का पीछा करते समय मौजूदा भारतीय कप्तान विराट कोहली अपने पूर्व टीम साथी और महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर से भी बेहतर हैं। क्रिकइंफो की रिपोर्ट के अनुसार, डिविलियर्स ने पूर्व क्रिकेटर और अब कमेंटेटर पॉमी मबांगा के साथ इंस्टाग्राम पर लाइव चैट के दौरान यह बात कही।

ab de villiers

डिविलियर्स ने कहा, ” सचिन हम दोनों के लिए आदर्श रहे हैं, जिस तरह से वह अपने युग में चोटी पर कायम रहे थे और उन्होंने जो कुछ हासिल किया वह किसी भी युवा खिलाड़ी के लिए एक महान उदाहरण है।” उन्होंने कहा, ” और मुझे लगता है कि विराट भी यही कहेंगे कि उन्होंने (सचिन) हमारे लिए स्टैंडर्ड तय किया है।”

पूर्व विस्फोटक बल्लेबाज ने कहा, ” लेकिन मुझे व्यक्तिगत तौर पर लगता है कि जब रनों के लक्ष्य का पीछा करने की बात आती है तो कोहली सबसे अच्छे हैं। सचिन सभी परिस्थितियों में अद्भुत थे, लेकिन दबाव में लक्ष्य का पीछा करने के मामले में कोहली ने खुद को सबसे ऊपर रखा है।”

Sachin and Kohli

कोहली और आस्ट्रेलियाई बल्लेबाज स्टीव स्मिथ में सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज के बारे में पूछे जाने पर डिविलियर्स ने इन दोनों की तुलना टेनिस के दो दिग्गज खिलाड़ियों रोजर फेडरर और रोफल नडाल से की। डिविलियर्स ने कहा, ” किसी एक के लिए यह बहुत मुश्किल है। लेकिन विराट एक नेचुरल बॉल स्ट्राइकर है और इसमें कोई दोराय नहीं है।”

उन्होंने कहा, ” टेनिस के संदर्भ में अगर इनकी बात करें तो वह (कोहली) फेडरर की तरह हैं। स्मिथ (राफेल) नडाल की तरह हैं। स्मिथ मानसिक रूप से बहुत मजबूत हैं। वह रन बनाने के तरीके निकाल लेते हैं। वह बहुत स्वाभाविक नहीं लगते हैं, लेकिन वह रिकॉर्ड तोड़ने में सक्षम है।”

आईपीएल में कोहली की कप्तानी वाली टीम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलोर के लिए खेलने वाले डिविलियर्स ने कहा, ” हालांकि, विराट कोहली ने पूरी दुनिया में रन बनाए हैं और उन्होंने दबाव में मैच जीते हैं।”