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NATO : क्या भारत को नाटो में शामिल करना चाहता है अमेरिका? रूसी विदेश मंत्री ने खोली अमेरिकी प्लान की पोल

NATO : सर्गेई लावरोव ने ये भी कहा कि नाटो इन इलाकों में एक तरह से आग से खेल रहा है। उन्होंने कहा कि ताइवान और ताइवान स्ट्रेट में अमेरिका और नाटो का रवैया उकसाने वाला है। लावरोव ने कहा कि यही वजह है कि हम चीन के साथ मिलकर युद्धाभ्यास कर रहे हैं।

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Modi putin

नई दिल्ली। यूक्रेन से जारी जंग के बीच रूस एशिया में उभरती महाशक्ति के रूप में भारत के महत्व को समझ रहा है। इसी बीच रूस ने भारत का जिक्र करते हुए बड़ा बयान दिया है। रूसी विदेश मंत्री सेरगेई लावरोव ने गुरुवार को कहा कि अमेरिका नाटो में भारत को शामिल करने की कोशिश कर रहा है ताकि रूस और चीन की घेरेबंदी की जा सके। उन्होंने कहा कि पश्चिमी देशों की यह कोशिश है कि किसी तरह रूस को घेरा जा सके। व्लादिमीर पुतिन के करीबी मंत्री ने कहा कि अमेरिका की ओर से जानबूझकर साउथ चाइना सी में भी विवाद को हवा दी जा रही है। उसकी यह कोशिश है कि इसके जरिए स्थानीय ताकतों को घेरा जा सके। खासतौर पर चीन और हमारी घेरेबंदी के लिए अमेरिका यह प्रयास कर रहा है।

इसके अलावा भारत की बात करते हुए लावरोव ने यूक्रेन में मिसाइल और ड्रोन अटैक किए जाने के दावों का भी बचाव किया। उन्होंने कहा कि हम ये हमले इसलिए कर रहे हैं ताकि पश्चिम की ओर से यूक्रेन को भेजे जा रहे हथियारों को रोका जा सके, जिसे वे रूस को नुकसान पहुंचाने के लिए भेज रहे हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका जानबूझकर चीन के आसपास के इलाकों में भी तनाव पैदा कर रहा है ताकि रूस को घेरा जा सके। उन्होंने कहा कि नाटो देश अब साउथ चाइना सी में भी वही रणनीति अपना रहे हैं, जो यूक्रेन को भड़काने के लिए शुरू की गई थी।

इसके साथ ही सर्गेई लावरोव ने ये भी कहा कि नाटो इन इलाकों में एक तरह से आग से खेल रहा है। उन्होंने कहा कि ताइवान और ताइवान स्ट्रेट में अमेरिका और नाटो का रवैया उकसाने वाला है। लावरोव ने कहा कि यही वजह है कि हम चीन के साथ मिलकर युद्धाभ्यास कर रहे हैं। रूसी विदेश मंत्री ने कहा कि नाटो देशों की कोशिश है कि विस्फोटक हालात पैदा कर दिए जाएं। जिससे कि आने वाले समय में रूस पर काबू किया जा सके।

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