Connect with us

देश

Jammu-Kashmir: एक्शन में अमित शाह…टेंशन में Pak!, पाकिस्तान और आतंक के गठजोड़ की खुली पोल

Jammu-Kashmir: जम्मू-कश्मीर की एजेंसियों ने धमाकों की साजिश को डी कार्ड कर लिया है और पाकिस्तान में बैठकर रची गई साजिश के मोहरों को गिरफ्तार भी कर लिया है। जम्मू-कश्मीर पुलिस के मुताबिक, लश्कर ए तैयबा ने पाकिस्तान में बैठकर अमित शाह के दौरे से पहले दहशत फैलाने की साजिश रची थी। पाकिस्तान में बैठे आतंकी मोहम्मद अमीन भट्ट ने जम्मू-कश्मीर में असलम शेख नाम के संदिग्ध आतंकी से 21 सितंबर को संपर्क किया।

Published

on

Amit Shah 1

नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) आज से तीन दिन के जम्मू-कश्मीर दौरे पर हैं। अमित शाह के जम्मू दौरे से पहले दो बार धमाके और  आतंकी घटना को अंजाम दिया गया। अमित शाह के दौरे में खलल डालने की साजिश रची जा रही है। ऐसे में सवाल है कि ये धमाका अमित शाह को निशाना बनाने की नीयत का ट्रेलर था। बता दें कि गृहमंत्री अमित शाह को पहले 30 अक्टूबर को जम्मू-कश्मीर जाना था। लेकिन उससे पहले ही 28-29 सितंबर को घाटी में दो बम धमाके हुए थे। पहला धमाका 28 सितंबर को रात 10 बजकर 22 मिनट पर हुआ। जबकि 29 सितंबर को दूसरा धमाका पहले धमाके 8 घंटे बाद सुबह करीब 6 बजे हुआ। हैरान करने वाली बात ये है कि दोनों धमाकों का तरीका एक ही था और दोनों ही बस में हुए थे।

udhampur bus blast

जम्मू-कश्मीर की एजेंसियों ने धमाकों की साजिश को डी कार्ड कर लिया है और पाकिस्तान में बैठकर रची गई साजिश के मोहरों को गिरफ्तार भी कर लिया है। जम्मू-कश्मीर पुलिस के मुताबिक, लश्कर ए तैयबा ने पाकिस्तान में बैठकर अमित शाह के दौरे से पहले दहशत फैलाने की साजिश रची थी। पाकिस्तान में बैठे आतंकी मोहम्मद अमीन भट्ट ने जम्मू-कश्मीर में असलम शेख नाम के संदिग्ध आतंकी से 21 सितंबर को संपर्क किया। इसके बाद 24 सितंबर को हथियारों की सप्लाई की गई और फिर 27 सितंबर को पाकिस्तान से हमले का टारगेट मिला।  29 सितंबर को धमाकों के बाद पुलिस ने शक के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लिया। जिसमें असलम भी था जो कि पहले भी हिजबुल से भी जुड़ा रहा है। पूछताछ में असलम ने साजिश का पूरा चिट्ठा खोलकर दिया है। बता दें कि असलम शेख जम्मू-कश्मीर के उधमपुर के बसंतगढ़ का रहने वाला है।

बताया जा रहा है कि इससे पहले भी असलम शेख ठीक उसी जगह पर हमला भी कर चुका है। इसी वजह से पाकिस्तान में बैठे आकाओं ने उसे वही धमाका करने का टारगेट दिया। इससे ज्यादा मेहनत भी नहीं करना पड़े। आतंकी असलम की गिरफ्तारी इस मायने भी खास है क्योंकि इसके पास से वो विस्फोटक बरामद किए गए। जिनका इस्तेमाल नहीं किया गया था। अगर ये आतंकी माड्यूल डी कार्ड नहीं हुआ होता। ऐसे में गृहमंत्री अमित शाह के दौरे से पहले कई धमाके हो सकते थे। वैसे पाकिस्तान से भेजे गए सभी बमों का इस्तेमाल अभी तक नहीं होने का मतलब है कि घाटी को और दहलाने की साजिश थी।

सवाल ये है कि अमित शाह का जम्मू-कश्मीर दौरा भी आतंकियों के निशाने पर था। बता दें कि आज से अमित शाह का दौरे शुरू हो रहा है। दूसरे दिन वो माता वैष्णो देवी के दर्शन करेंगे। इसके बाद फिर वो राजौरी में रैली करेंगे। 4 अक्टूबर को अमित शाह को श्रीनगर जाएंगे और 05 अक्टूबर को रैली को संबोधित करने के साथ ही विकास कार्यों की समीक्षा करेंगे।

Advertisement
Advertisement
Advertisement