गाजियाबाद में भीषण हादसा, पेंसिल बम और कैंडल बनाने वाली फैक्ट्री में लगी आग, 8 लोगों की मौत

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में एक पेंसिल बम बनाने वाली फैक्ट्री में भीषण आग लग गई है। आग की चपेट में आने से अभी तक 8 लोगों की मौत हो गई है।

Written by: July 5, 2020 6:38 pm

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में एक पेंसिल बम बनाने वाली फैक्ट्री में भीषण आग लग गई है। आग की चपेट में आने से अभी तक 8 लोगों की मौत हो गई है। मरने वालों में सात महिलाएं और एक बच्चा है।

Ghaziabad Fire

हादसे में कम-से-कम चार अन्य जख्मी भी हुए हैं जिन्हें अस्पताल भेजा गया है। आग पर काबू पाने के लिए फायर बिग्रेड और पुलिस की टीम घटनास्थल पर मौजूद है।

इस अवैध फैक्ट्री में बर्थडे केक पर लगने वाले पेंसिल बम और मोमबत्ती बनाई जाती है। फैक्ट्री में महिलाओं और बच्चे भी काम करते हैं। हादसे की सूचना मिलने के तत्काल बाद ही पुलिस और फायर बिग्रेड की गाड़ी मौके पर पहुंच गई। आग बुझाने का काम जारी है।

delhi Fire

घायलों को निकालकर अस्पताल भेजने का काम किया जा रहा है। घायलों की अभी तक पहचान नहीं हो सकी है। आसपास के लोगों ने बताया कि गांव में ही यह फैक्ट्री चल रही थी। आसपास के लोग ही इस फैक्ट्री में आकर काम करते थे। जिलाधिकारी अजय शंकर पांडे ने बताया है कि आठ लोगों की मौत हो चुकी है और कम-से-कम चार लोग घायल भी हैं।

घटनास्थल से प्राप्त जानकारी के अनुसार 4 बजे के करीब यहां पर आग एक छप्पर में लगी जिसके बाद पूरी फैक्ट्री में यह आग फैल गई। अंदर काम कर रहे लोग बाहर नहीं निकल सके। जलने की वजह से इन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। फैक्ट्री मालिक का नाम नितिन बताया जा रहा है। बताया जा रहा है कि अंदर कुछ और लोग भी फंसे हो सकते हैं जिन्हें निकालने के लिए पुलिस और फायर बिग्रेड की टीम लगी हुई है।

अवैध फैक्ट्री में हुए धमाके में लोगों की मौत के बाद गुस्साए लोगों ने मौके पर पहुंचे डीएम और एसएसपी को घेर लिया है। आक्रोशित लोग शवों को घटनास्थल से नहीं हटाने दे रहे हैं। स्थानीय लोगों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया है। आरोप है कि 3 महीने पहले ही यह फैक्ट्री अवैध रूप से शुरू की गई थी और सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे।

घटना की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डीएम और एसएसपी को निर्देश दिए हैं कि घायलों को तुरंत राहत पहुंचाई जाए। साथ ही दोनों अधिकारियों का कहा गया है कि घटनास्थल की जांच करके रविवार शाम तक ही रिपोर्ट प्रस्तुत करें।