चीन ने पहले रक्षा बजट में की थी कटौती लेकिन कोरोना काल में 6.6% बढ़ाया रक्षा बजट

चीन की संसद ने कोरोना महामारी के मद्देनज़र एक बड़ा फैसला लेते हुए कहा है कि इस साल आर्थिक वृद्धि दर (GDP) का लक्ष्य तय नहीं किया जाएगा।

Written by: May 22, 2020 2:54 pm

बीजिंग। कोरोना वायरस की शुरुआती चपेट में आया चीन भी अर्थव्यवथा को लेकर परेशान है। चीन में भी इस महामारी के चलते कामगारों ने शहरों से गांवों की ओर पलायन किया है जिसकी वजह से अर्थव्यवस्था थोड़ी डामाडोल हो गई है। इस बीच चीन की संसद ने कोरोना महामारी के मद्देनज़र एक बड़ा फैसला लेते हुए कहा है कि इस साल आर्थिक वृद्धि दर (GDP) का लक्ष्य तय नहीं किया जाएगा। शुक्रवार सुबह चीन की वार्षिक संसदीय बैठक नेशनल पीप्लस कांग्रेस में कई अहम फैसले लिए गए जिनमें रक्षा बजट को महामारी के बावजूद 6.6% बढ़ाने की मंजूरी मिली है। एनपीसी की बैठक में बजट को मंज़ूरी दी जाती है और अगले साल के लिए अर्थव्यवस्था की वृद्धि का लक्ष्य या प्रस्तावित GDP पर फैसला लिया जाता है।

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इस साल चीन ने घोषणा कर दी है कि महामारी के मद्देनज़र आर्थिक वृद्धि दर का कोई लक्ष्य तय नहीं किया जाएगा। चीन के प्रधानमंत्री ली केचियांग ने कहा- ‘ऐसा इसलिए है क्योंकि हमारा देश कुछ चीज़ों से जूझ रहा है और ऐसे अनिश्चितता भरे समय में प्रगति का अनुमान लगाना मुश्किल है। यह अनिश्चितता कोविड-19 के कारण है क्योंकि इससे दुनिया भर की अर्थव्यवस्थाएं प्रभावित हुई हैं और कारोबार पर भी बुरा असर पड़ा है।’

बढ़ गया है चीन का बजट घाटा

बता दें कि चीन के बजट घाटे में भी अभूतपूर्व बढ़ोत्तरी दर्ज की गयी है। साल 1990 के बाद ऐसा पहली बार है कि चीन आर्थिक वृद्धि का लक्ष्य तय नहीं का रहा है। जानकारों के मुताबिक बढ़ता बजट और राजकोषीय घटा चीन के लिए अब बड़ी चिंता का विषय है इसलिए GDP के लिए कोई लक्ष्य नहीं रखा गया है।

संसद के बड़े फैसलों में कोरोना महामारी के रोकथाम के लिए एक ट्रिलियन युआन और देने की बात कही गयी है। प्रधानमंत्री ली केचियांग ने कहा कि सरकार कोविड-19 को नियंत्रित करने के लिए एक ट्रिलियन युआन का अतिरिक्त बजट भी पास कर रही है। ली केचियांग ने ये भी कहा कि चीन अमरीका के साथ ट्रेड डील पर बात करेगा, जो कि कोरोना वायरस की महामारी के कारण अधर में लटक गया था। ताइवान को लेकर केचियांग ने कहा कि चीन अपनी संप्रभुता को लेकर अडिग है और सभी मामलों को सुलझा लिया जाएगा।