newsroompost
  • youtube
  • facebook
  • twitter

Manipur Violence: मणिपुर हिंसा में बड़ी साजिश का खुलासा, बांग्लादेश और म्यांमार के आतंकी संगठन हथियार भेजकर करा रहे खूनखराबा

बांग्लादेश और म्यांमार में बैठे आतंकी समूहों ने इसके लिए भारत में कुछ आतंकी संगठनों से साठगांठ की है। एनआईए की जांच से पता चला है कि उनका इरादा मणिपुर में जातीय संघर्ष को बढ़ावा देना है और भारत के खिलाफ युद्ध जैसा माहौल बनाना है। एनआईए ने एक मणिपुर निवासी को इस मामले में पकड़ा भी है।

नई दिल्ली। मणिपुर में जारी हिंसा में गोला-बारूद और हथियारों की खेप बांग्लादेश और म्यांमार से आ रही है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी एनआईए ने ये सनसनीखेज खुलासा किया है। एनआईए को जांच में पता चला है कि बांग्लादेश और म्यांमार में बैठे आतंकी संगठन मणिपुर में हिंसा और खूनखराबा करने के लिए हथियार और गोला-बारूद भेज रहे हैं। बांग्लादेश और म्यांमार में बैठे आतंकी समूहों ने इसके लिए भारत में कुछ आतंकी संगठनों से साठगांठ की है। एनआईए की जांच से पता चला है कि उनका इरादा मणिपुर में जातीय संघर्ष को बढ़ावा देना है और भारत के खिलाफ युद्ध जैसा माहौल बनाना है।

एनआईए को जांच में ये पता चला कि बांग्लादेश और म्यांमार के आतंकी संगठन सभी हथियारों की खरीद के लिए फंडिंग दे रहे हैं। एनआईए ने मणिपुर के एक शख्स को गिरफ्तार भी किया है। इसके साथ ही अब मणिपुर में हिंसा को बढ़ावा देने में विदेशी आतंकी संगठनों से हाथ मिलाने वाले और लोगों की तलाश भी तेज हो गई है। जल्दी ही इस मामले में तमाम लोगों के खिलाफ कार्रवाई होने के आसार हैं। मणिपुर में इस साल मई में हिंसा भड़की थी। तबसे अब तक लगातार यहां कोई न कोई घटना होती ही रही है। ये हालात तब हैं, जबकि केंद्र सरकार ने मणिपुर में बड़ी तादाद में सेना और अर्धसैनिक बलों के जवानों की तैनाती की है।

manipur violence 2
मणिपुर में हिंसा के दौरान कई घरों को आग के हवाले भी किया गया था। ऐसी ही एक घटना की फाइल फोटो।

मणिपुर में लंबे समय से मैतेई और कुकी समुदायों में टकराव है। मोदी सरकार के केंद्र में सत्ता संभालने के बाद शांति बहाली हुई, लेकिन इस साल मई में मणिपुर हाईकोर्ट के एक आदेश के बाद फिर हिंसा भड़क उठी। इस हिंसा में 180 लोग अब तक जान गंवा चुके हैं। जबकि, हजारों लोगों को घर छोड़ना पड़ा है। केंद्र सरकार ने बीते दिनों मणिपुर के 19 थाना क्षेत्रों को छोड़कर बाकी राज्य को अशांत घोषित किया और अफस्पा कानून लागू किया है।