Hathras Case: सुप्रीम कोर्ट का फैसला- इलाहाबाद HC की निगरानी में होगी CBI जांच, राज्य से बाहर नहीं शिफ्ट होगा केस का ट्रायल

Hathras Case: इस मामले से जुड़ी याचिकाओं में राज्य सरकार(State Government) पर सवाल खड़े करते हुए आशंका जताई गई थी कि, उत्तर प्रदेश में निष्पक्ष सुनवाई संभव नहीं है, क्योंकि कथित तौर पर जांच बाधित की गयी।

Avatar Written by: October 27, 2020 1:49 pm
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नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के हाथरस में हुए दलित युवती से गैंगरेप और हत्या के मामले में जांच की निगरानी करने और मामले को राज्य के बाहर ट्रांसफर करने से संबंधित याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को अपना फैसला सुनाया। देश की सबसे बड़ी अदालत ने अपने फैसले में हाथरस केस के ट्रायल को फिलहाल राज्य से बाहर शिफ्ट करने से मना कर दिया। इसके अलावा कोर्ट ने कहा है कि सीबीआई जांच की निगरानी इलाहाबाद हाईकोर्ट करेगा। दरअसल, हाथरस गैंगरेप कांड से जुड़ी कुछ याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट ने आज फैसला सुनाया। इसमें हाथरस मामले की अदालत की निगरानी में जांच कराने और मामले को दिल्ली स्थानांतरित कराने का अनुरोध किया गया है। हाथरस में एक दलित लड़की से कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म किया गया था और उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई थी। ट्रायल को किसी दूसरे राज्य में ले जाने को लेकर कोर्ट ने साफ कर दिया है कि, अभी इस मामले की जांच सीबीआई कर रही है, ऐसे में तुरंत ट्रांसफर की जरूरत नहीं है। इस पर बाद में विचार किया जाएगा।

Supreme-Court....

वहीं उच्चतम न्यायालय ने कहा कि पीड़ित परिवार और गवाहों की सुरक्षा से लेकर सभी पहलुओं पर इलाहाबाद उच्च न्यायालय विचार करेगा साथ ही कोर्ट ने यह भी कहा कि सीबीआई वहां स्थिति रिपोर्ट दाखिल करेगी। बता दें कि इस मामले से जुड़ी याचिकाओं में राज्य सरकार पर सवाल खड़े करते हुए आशंका जताई गई थी कि, उत्तर प्रदेश में निष्पक्ष सुनवाई संभव नहीं है, क्योंकि कथित तौर पर जांच बाधित की गयी। पीड़त परिवार की ओर से पेश वकील ने उच्चतम न्यायालय को बताया था कि इस मामले में जांच पूरी होने के बाद सुनवाई को उत्तर प्रदेश के बाहर राष्ट्रीय राजधानी में स्थानांतरित कर दिया जाए।

CBI Team Hathras pic

मामले की निगरानी सर्वोच्च अदालत द्वारा करने को लेकर कोर्ट ने कहा कि पहले हाईकोर्ट के सुनवाई करने दें, फिर हम यहां से नजर रख सकते हैं। इससे पहले राज्य सरकार की ओर से उच्चतम न्यायालय के समक्ष दायर ताजा हलफनामा में कहा गया था कि पीड़ित परिवार और गवाहों को तीन स्तरीय सुरक्षा दी गई है, इसके लिए पुलिस और अन्य सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। साथ ही गांव की सीमा के साथ जगह-जगह सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं। उत्तर प्रदेश सरकार ने कहा है कि पीड़िता (19) के हाथरस जिले के चंदपा में रहने वाले परिजनों को पयार्प्त सुरक्षा दी जा रही है। इन परिजनों में पीड़ता के माता-पिता के अलावा दो भाई, एक भाभी और दादी शामिल हैं।