इस मौके पर ज्योतिषाचार्य पण्डित दयानन्द शास्त्री ने बताया कि हिन्दू धर्म ग्रंथों में पुष्य नक्षत्र को सबसे शुभकारक नक्षत्र कहा जाता है।

कलयुग में सबसे चर्चित, प्रभावशाली व शीघ्र फल प्रदान करने वाले हनुमान जी है। हनुमान जी की आराधना करने में नियम, संयम का पालन करना बहुत जरूरी होता है।

इस वर्ष होली का शुभ पर्व 21 मार्च 2019 को है और शास्त्रानुसार इससे आठ दिन पूर्व होलाष्टक प्रारंभ हो जाते हैं। इस बार होलाष्टक 13 मार्च से शुरू होगा। हिंदू शास्त्रोंर के अनुसार इस समय आठ दिन तक कोई भी शुभ कार्य नहीं किये जाते।

इस वर्ष होली का शुभ पर्व 21 मार्च 2019 को है और शास्त्रानुसार इससे आठ दिन पूर्व होलाष्टक प्रारंभ हो जाते हैं। इस बार होलाष्टक 13 मार्च से शुरू होगा। हिंदू शास्त्रोंर के अनुसार इस समय आठ दिन तक कोई भी शुभ कार्य नहीं किये जाते।

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, होली के दिन किए गए उपाय बहुत ही जल्दी शुभ फल प्रदान करते हैं। ज्योतिषाचार्य पण्डित दयानन्द शास्त्री के अनुसार होली का दिन तांत्रिक क्रियाओं के लिए बहुत ही लाभकारी होता है। इस दिन अभिमंत्रित और आमंत्रित कर जडी-बूटी घर लाई जाती है। कई प्रकार के मंत्रों की सिद्धियां भी की जाती हैं।

23 मई 2019 को गुरुवार है । माननीय प्रधानमंत्री की जन्म कुंडली में वृश्चिक लग्न है अर्थात उन दिनों गोचर में गुरु उनकी लग्न में होंगे क्योंकि जन्म कुंडली में गुरु चतुर्थ केंद्र में हो कर राज्य भाव को अपनी सप्तम पूर्ण दृष्टि से देख रहे हैं अतः वृश्चिक में उनका यह गोचर शुभ है।

(रविवार - 10 मार्च 2019 को) चुनाव आयोग ने लोकसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान हो गया है। शाम को 5 बजे हुई प्रेस कांफ्रेंस में चुनाव आयोग ने इनकी घोषणा की।

शिवपुराण के अनुसार, एक बार ब्रह्मा व विष्णु में विवाद छिड़ गया कि दोनों में श्रेष्ठ कौन है? ब्रह्माजी सृष्टि के रचयिता होने के कारण श्रेष्ठ होने का दावा कर रहे थे और भगवान विष्णु पूरी सृष्टि के पालनकर्ता के रूप में स्वयं को श्रेष्ठ कह रहे थे।

हिंदू धर्म में पुराणों का विशेष महत्वट है। इन्हीं पुराणों में वर्णन है माता के शक्तिपीठों का भी है। पुराणों की ही मानें तो जहांजहां देवी सती के अंग के टुकड़े वस्त्रइ और गहने गिरे वहां वहां मां के शक्तिेपीठ बन गए। ये

जानिए 51 शक्तिपीठ के बारे में, पढ़ें विवरण