BSP

वहीं ऑल इंडिया अंबेडकर महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक भारती कहते हैं कि राजस्थान के सियासी घटनाक्रम में बसपा का स्टैंड तकनीकी रूप से सही हो सकता है, लेकिन राजनीतिक और सामाजिक रूप से इसका संदेश सही नहीं गया है।

वैसे देखा जाय तो एक साल पहले ही राजस्थान विधानसभा में विधानसभा अध्यक्ष ने बहुजन समाज पार्टी की राज्य ईकाई का कांग्रेस में विलय की मंजूरी दे दी है।

मायावती ने शनिवार को दो ट्वीट करते हुए कहा कि, "जैसा कि विदित है कि राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री गहलोत ने पहले दल-बदल कानून का खुला उल्लंघन व बीएसपी के साथ लगातार दूसरी बार दगाबाजी करके पार्टी के विधायकों को कांग्रेस में शामिल कराया।

मायावती ने कांग्रेस और उसके नेताओं को भी निशाने पर लिया। हालांकि उन्होंने किसी नाम न लेते हुए कहा कि चीन के मुद्दे पर कांग्रेस के लोग बेहूदी बातें करते हैं।

30 मई 2019 को जैसे ही नरेंद्र मोदी सरकार 2.0 का गठन हुआ। उसके बाद से ही सरकार की तरफ से जनहित में कई फैसले बड़ी तेजी से लिए गए।

उत्तर प्रदेश के बस पॉलिटिक्स का मामला अभी पूरी तरह शांत भी नहीं हुआ था कि राजस्थान की कांग्रेस सरकार ने यूपी सरकार को 36.36 लाख रुपये का बिल भेजकर नया विवाद खड़ा कर दिया है।

मोहसिन रजा ने कहा कि सीएम योगी ने कहा था कि हम सीएए विरोध के नाम पर उपद्रव करने वालों को बेनकाब करेंगे, तो ये वो उपद्रवी चेहरे हैं, जिन्होंने प्रदेश की जनता को नुकसान पहुंचाया।

भीम आर्मी के अध्यक्ष चन्द्रशेखर ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती पर इशारे-इशारे में तंज कसा और कहा कि जो गलतियां हुई, उन्हें दोहराया नहीं जाएगा। बहुजन समाज के लिए काम करना पड़ेगा। केवल भाषणबाजी से दलितों का भविष्य नहीं सुधर सकता है।

मायावती ने ट्वीट किया "कांग्रेस के बाद अब भाजपा व इनकी केंद्र सरकार के अनवरत उपेक्षित रवैये के कारण यहां सदियों से पछाड़े गए एससी, एसटी व ओबीसी वर्ग के शोषितों-पीड़ितों को आरक्षण के माध्यम से देश की मुख्यधारा में लाने का सकारात्मक संवैधानिक प्रयास फेल हो रहा है, जो अति गंभीर व दुर्भाग्यपूर्ण है।"

दिल्ली विधानसभा चुनाव में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के उम्मीदवार और दिल्ली की बदरपुर सीट से मौजूदा विधायक एनडी शर्मा ने गुरुवार को दावा किया कि उनपर कुछ अज्ञात लोगों ने हमला कर दिया।